GDP Full Form क्या है और जीडीपी की जानकारी

    GDP Full Form In Hindi :- नमस्कार दोस्तों, आज मैं आपके लिए बहुत ही अनोखी और नई लेख लेकर आया हूँ। इस लेख में हम जीडीपी (GDP full form) से सम्बंधित महत्पूर्ण बात करेंगे। इस लेख में जानेंगे, जीडीपी का क्या होता है?, जीडीपी की परिभाषा?, जीडीपी का फुल फॉर्म क्या होता है? जैसे अनेक प्रश्नों का उल्लेख विस्तार से किया जाएगा।

    आप में से अधिकांश लोग जीडीपी (GDP) के बारे में जरूर सुना होगा, क्या आपने कभी सोचा है कि जीडीपी क्या होता है? यदि जीडीपी नहीं होता तो हमारे देश कि अर्थव्यवस्था पर क्या असर परता, क्या आप ने सोचा है कि जीडीपी से आम आदमी (आप) को क्या लाभ है? क्या आपको मालूम है कि जीडीपी में किसान और घरेलू उत्पाद का क्या महत्व है?

    यदि आप को इस चीज कि जानकारी नहीं है तो आप हमारे इस पोस्ट GDP full form in Hindi को ध्यान से पढ़िए। दोस्तों एक-एक करके सभी प्रश्नों का बिलकुल सही और सटीक जवाब मिलेगा।

    GDP Full Form In Hindi (जीडीपी का फुल फॉर्म क्या होता है?)

    • G – Gross (सकल)
    • D – Domestic (घरेलू)
    • P – Product (उत्पाद)

    GDP Full Form In English :- Gross Domestic Product 

    GDP Full Form In Hindi :- सकल घरेलू उत्पाद  एक निश्चित अवधि के दौरान देश में वास्तु और सेवा के द्वारा कुल जोड़ा गया मूल्य का एक माप होता है। GDP मापन US डॉलर में किया जाता है।

    GDP Formula

    सकल घरेलू उत्पाद = निजी खपत + सकल निवेश + सरकारी निवेश + सरकारी खर्च + (निर्यात-आयात)

    Expenditure Approach = C+I+G+(X-M)

    • C – Private consumption
    • I – Gross investment
    • G – Government investment
    • X – Exports
    • M – Imports

    Income Approach = Total National Income + Sales Taxes +Depreciation + Net Foreign Factor Income

    Value Added Approach = Gross Value Of Output – Value Of Intermediate Consumption

    Definition Of GDP In Hindi (जीडीपी की परिभाषा?)

    Definition Of GDP :- GDP किसी भी देश का आर्थिक विकास का सूचांक होता है। जीडीपी के माध्यम से किसी भी देश के आर्थिक विकास को समझ सकते है। किसी भी देश के अंदर सभी उत्पादित वस्तुओं और सेवा के अंतिम मूल्यों के आकलन को उस देश का जीडीपी (GDP) कहा जाता है।

    GDP से किसी देश की आर्थिक विकास दर की रफ़्तार का पता लगाया जाता हैं। यह एक बुनियादी तरीका है, अगर किसी देश का GDP बढ़ रहा है, तो इसका मतलब है कि देश का आर्थिक विकास भी बढ़ रहा है। यदि किसी देश की GDP घट रहा है, तो उस देश की विकाश दर में गिरावट आ रहा है।

    Note:-  यदि किसी अन्य देश की (विदेशी ) कंपनी भारत में उत्तपादन करता है, तो उसकी कुल आय भारत के जीडीपी (GDP) में गणना किया जाता है।

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    Indian GDP (भारतीय जीडीपी)

    भारत में GDP की गणना प्रत्येक तीन माह पर किया जाता है, भारत कम समय में GDP की मापन इसलिए करता है कि भारत एक विकाशील देश है। इससे यह पता चलता कि ताज़ा आर्थिक विकास दर क्या है, इसके मदद से आगे कि विकास दर कि रणनीति बनाने मदद मिलता है। भारत दुनिया के सबसे तेजी से विकास करने वाली अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।

    भारत की मौजूदा जीडीपी लगभग दो लाख करोड़ रुपए के करीब हैं, जो कि दुनिया भर की कुल जीडीपी का 2% से ज्यादा है 2020-21 में भारत की GDP Gross Rate 7.3% के करीब है, भारत में जीडीपी को नापने की जिम्मेवारी मिनिस्ट्री ऑफ स्टैटिक एंड प्रोग्राम इंप्लीमेंटेशन के तहत आने वाले सेंट्रल स्टैटिक्स ऑफिस (Central Statistics Office) का है।

    जीडीपी से आम आदमी (आप) को क्या लाभ है?

    GDP किसी भी देश के आम नागरिक को व्यक्तिगत रूप से आय, निवेश और नौकरी में वृद्धि को प्रभावित करता है। कोई भी निवेशक निवेश करने से पहले उस देश की विकास दर देखता है। निवेशक अपने सर्वोत्तम अंतर्राष्ट्रीय अवसरों को खोजने के लिए देश की विकास दर की तुलना करता है। वे उन कंपनियों के शेयरों को खरीदते हैं जो देश तेजी से विकास कर  रहा है।

    GDP Growth Rate High होने के फायदा

    औसत आय (Average Income):- यह उपभोक्ताओं का अधिक वस्तुओं और सेवाओं का आनंद लेने और जीवन जीने सक्षम बनता है। एक सर्वे के अनुशार मौजूदा वित्त वर्ष के दौरान देश की प्रति व्यक्ति आय 6.8 फीसदी बढ़कर 11,254 रुपये प्रति माह तक पहुंचने का अनुमान लगाया गया है।

    बेरोजगारी में कमी (Lower Unemployment):- यदि किसी देश का आर्थिक विकास दर अच्छा है, तो उस देश में निवेशक निवेश करेगा जिससे अधिक लोगों को रोजगार मिलेगा। इससे बेरोजगारी कम होगा।

    सरकार के क़र्ज़ मर कमी (Lower Government Borrowing) आर्थिक विकास दर से अधिक टैक्स का राजस्व बनाता है। बेरोजगारी की समस्या पर पैसे खर्च करने की आवश्यकता होती है। इसीलिए आर्थिक विकास सरकारी उधार को कम करने में मदद करता है।

    पब्लिक सर्विस (Public Services):- आर्थिक विकास दर से अधिक टैक्स का राजस्व बनाता है। इसे सरकार देश के पब्लिक सर्विस के ऊपर खर्च करता है। सड़क, स्वास्थ, शिक्षा

    Investment:- आर्थिक विकास कंपनियों का भविष्य की मांग को पूरा करने के लिए निवेश करने के लिए प्रोत्साहित करता है।उच्च निवेश भविष्य के आर्थिक वृद्धि के लिए गुंजाइश बढ़ाता है।

    ब्याज दर में कमी (Lower Interest Rate):- आर्थिक विकास दर से अधिक टैक्स का राजस्व बनाता है। इससे सरकार और बैंक के द्वारा दिए गए पैसों पर काम ब्याज लगेगा।

    History Of GDP In Hindi (जीडीपी (GDP) के इतिहास)

    दूसरी विश्वयुद्ध समाप्त होने के बाद पूरा दुनिया आर्थिक मंदी से जूझ रहा था। माना जाता है की दूसरे विश्वयुद्ध की भरपाई करने में दस वर्षों से अधिक का समय लग गया था। इसके पश्चात्  सभी देश अपनी आर्थिक विकास दर पता लगाने के लिए बैंकिंग संस्था को आगे किया। इसमें फाइनेंसियल इंस्टिट्यूडस (financial institutions) और बैंक शामिल था।

    इस संस्था के पास देश की आर्थिक विकास दर को मापने के लिए कोई स्थाई तरीका उपब्लध नहीं थी, जिसके वजह से आर्थिक विकास दर की सही आंकलन  बहुत ही मुश्किल था।

    वर्ष 1935 – 44 के बीच अमेरिकी अर्थशास्त्री साइमन ने GDP शब्द का इस्तेमाल किया। कुछ समय के बाद साइमन ने अपने देश के सरकार को GDP का प्रस्ताव लेकर पंहुचा। GDP को अमेरिकी सांसद में पेश किया गया। इसके बाद वर्ष 1944 में ब्रेटन वुड्स सम्मेलन (Bretton Woods Conference) में GDP को स्वीकृती मिला।

    ब्रेटन वुड्स सम्मेलन (Bretton Woods Conference) में GDP को स्वीकृती मिलने के बाद विश्व बैंक और अंतराष्ट्रीय मुद्रा कोष के द्वारा अर्थव्यवस्था की विकास दर की मापन के लिए GDP का उपयोग करने लगा।  इसके बाद धीरे-धीरे सभी अपनी आर्थिक विकास दर की गणना करने के लिए जीडीपी का उपयोग करने लगा,

    वर्ष 1944 में सर्वप्रथम अमेरिका समेत कुछ अन्य देश ने अपनी घरेलु (Domestic) आर्थिक विकास दर की गणना के लिए जीडीपी का उपयोग किया था।

    वर्ष 1950 में भारत से भारत में भी जीडीपी का उपयोग किया जाता है।


    Conclusion

    दोस्तों उम्मीद करता हूँ कि मेरे द्वारा लिखा गया जीडीपी (GDP Full Form) से सम्बंधित पोस्ट कि जानकारी आपको पसंद आया होगा। आप से निवेदन है, कि इस जानकारी को आप अपने दोस्तों, परिवार और सोशल मीडिया कर शेयर करें

    ताकि इस जानकारी का लाभ आपके करीबी और अन्य व्यक्ति उठा सके। यदि आपको मेरे पोस्ट से सम्बंधित कोई भी सवाल या सुझाव है तो आप हमें कमेंट करके बता सकते है। धन्यवाद्!!

    हेलो दोस्तों नमस्ते! मैं आपके साथ infowala.co.in वेबसाइट पर Internet & Full Form से जुड़ी जानकारी शेयर करूँगा। मेरे द्वारा लिखे गए सभी पोस्ट आपको पसंद आये यही में कोषिश करुंगा

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